Shravan Mas 2026 Omkareshwar
ओंकार पर्वत के अंतिम छोर पर मॉ नर्मदा एवं कावेरी नदी का संगम है जहा पर स्नान का विशेष धार्मिक महत्व है। ओंकारेश्वर मंदिर से परिक्रमा पथ पर 2 कि.मी पैदल चलने के बाद संगम घाट आता है यहा पर नाव के माध्यम से भी पहुंचा जा सकता है। चेत्र मास की अमावस्या को यहा पर अत्यधिक संख्या में श्रध्दालुओ का आगमन स्नान पुजन हेतु होता है। संगम घाट का प्राकृतिक सोंदर्य अत्यंत ही मनोरम है। मॉ नर्मदा की कल—कल धारा यहा आने आंगतुको को अपनी ओर आकर्षित करती है।